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dengue
– फोटो : istock
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डेंगू के डंक ने उधमपुर के एक और मरीज की जान ले ली। उधमपुर के वार्ड एक (रेलवे स्टेशन के पास) निवासी चरण दास (52) की जीएमसी जम्मू में मौत हुई है। परिवारवालों का आरोप है कि अस्पताल में भर्ती करवाने के दौरान वह लगभग स्वस्थ हो चुके थे, लेकिन उचित उपचार न मिलने से जान चली गई।
रक्त की उपलब्धता होने के बावजूद डाक्टरों ने प्लेटलेट नहीं चढ़ाए। बुधवार को उधमपुर में डेंगू के 13 नए मामले मिले हैं। अब तक इस जिले में तीन लोगों की डेंगू से जान जा चुकी है। मंगलवार को भी एक मौत का मामला सामने आया था। इससे पहले एक महिला की मौत हुई थी। प्रदेश में बुधवार को डेंगू के 71 नए मामले मिले, यह आंकड़ा 1813 पहुंच गया है।
उधमपुर के वार्ड एक निवासी मदन लाल ने बताया कि वह भाई चरण दास को लेकर रविवार को जिला अस्पताल उधमपुर पहुंचे, तब उनके प्लेटलेट 15000 तक पहुंच चुके थे, लेकिन वहां प्लेटलेट की सुविधा न होने से जीएमसी जम्मू ले आए। आरोप है कि उधमपुर अस्पताल में एंबुलेंस भी उपलब्ध नहीं थी।
यहां प्लेटलेट कम होने पर उन्होंने चार बोतल खून का इंतजाम किया और डॉक्टरों से बार-बार प्लेटलेट चढ़ाने के लिए कहते रहे, लेकिन किसी ने गंभीरता नहीं दिखाई। चरण दास के पेट में पानी भर गया था और इसके लिए लगातार डाक्टरों से कह रहे थे, लेकिन ध्यान से नहीं देखा। हालत गंभीर होने पर उन्हें कुछ समय आईसीयू में रखा गया, जिसके बाद इमरजेंसी के वार्ड दो में शिफ्ट किया गया। लेकिन, रविवार तड़के पांच बजे उनकी मौत हो गई।
अस्पतालों में उचित इलाज न मिला- परिजनों का आरोप
परिवार का आरोप है कि जब वह घर से मरीज को लेकर आए थे, तो वह बिल्कुल ठीक था। लेकिन अस्पतालों में उचित इलाज न मिलने से हालत बिगड़ गई। बुधवार को जम्मू में 44, सांबा में आठ, राजोरी में तीन और रियासी में दो डेंगू के मामले मिले।
डेंगू से बचाव के लिए ये तरीके अपनाएं
डेंगू से बचाव के लिए पूरी बांह के कपड़े पहनें, मच्छरदानी लगाएं, घर में जाली के दरवाजे लगाएं। आसपास पानी इकट्ठा न होने दें। यदि हो तो दवा का छिड़काव कराएं।
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