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एचपीएमसी
– फोटो : अमर उजाला
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हिमाचल प्रदेश बागवानी उत्पाद विपणन एवं प्रसंस्करण निगम (एचपीएमसी) के उत्पाद अब ऑनलाइन प्लेटफार्म पर भी बिकेंगे। मंगलवार को आयोजित एचपीएमसी निदेशक मंडल की बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक की अध्यक्षता बागवानी मंत्री जगत सिंह नेगी ने की। बागवानी मंत्री ने बताया कि एचपीएमसी के उत्पादों की पैकेजिंग को आकर्षक बनाया जाएगा। अगले साल से निगम बागवानों को यूनिवर्सल कार्टन ही उपलब्ध करवाएगा।
पराला, सोलन और परवाणु में अगले साल सेब खरीद होगी। इस मौके पर निगम का नया वेब पोर्टल भी लांच किया गया। बागवानी मंत्री ने बताया कि सीए व कोल्ड स्टोर्स की बुकिंग, बाजार मध्यस्थता योजना (एमआईएस) और बागवानी खाद व उपकरण की बिक्री जैसी सभी सेवाएं वेब पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन कर दी गई हैं। निगम ने मंडी मध्यस्थता योजना के तहत अब तक 32454 मीट्रिक टन सेब की खरीद की है।
इस सीजन में अपने तीन फल प्रसंस्करण संयंत्रों पराला, परवाणु और जड़ोल (मंडी) में 1288 मीट्रिक टन सेब जूस कंसंट्रेट का उत्पादन किया है। उन्होंने बताया कि फल प्रसंस्करण संयंत्र पराला का ट्रायल सफल रहा है। एचपीएमसी एप्पल जूस कंसंट्रेट, पेक्टिन, रेडी टू सर्व जूस, फ्रूट वाइन और एप्पल साइडर विनेगर का उत्पादन करेगा। निगम ने वित्तीय वर्ष 2022-23 में 120 करोड़ का कारोबार किया है। बैठक में एप्पल जूस कंसंट्रेट की दरें भी तय की गईं। सेब उत्पादकों को उचित मूल्य पर बढ़िया गुणवत्ता वाले बागवानी से संबंधित उत्पाद उपलब्ध करवाने का निर्णय लिया है।
एचपीएमसी ने अगले सेब सीजन के दौरान सेब उत्पादकों को केवल यूनिवर्सल कार्टन उपलब्ध करवाने और टेलीस्कोपिक कार्टन की बिक्री बंद करने का निर्णय लिया है। एपीएमसी मार्किट यार्ड पराला, सोलन और परवाणु में सेब व्यापारिक गतिविधियों को अगले वर्ष के दौरान जारी रखने का निर्णय लिया गया। बागवानी मंत्री ने एचपीएमसी अधिकारियों को राज्य के बाहर संपत्तियों और संसाधनों के उचित इस्तेमाल के निर्देश दिए। बैठक के दौरान सचिव बागवानी सी. पालरासु, निदेशक बागवानी संदीप कदम, प्रबंध निदेशक एचपीएमसी सुदेश कुमार मोख्टा और प्रबंध निदेशक एचपी एग्रो इंडस्ट्रीज कारपोरेशन रीमा कश्यप सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
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