[ad_1]

गाड़ियों की आवाजाही से उड़ने वाली धूल से राहगीरों को कर रही परेशान।
– फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
दशहरे के बाद शहर की आबोहवा फिर से बिगड़ने लगी है। शहर में ज्यादातर जगहों पर निर्माण कार्य चल रहा है। देवी दर्शन और विसर्जन के लिए भारी भीड़ सड़कों पर आ गई। गाड़ियों की आवाजाही अधिक हुई तो धूल के कण भी उड़ने लगे। इसका असर हवा की गुणवत्ता पर पड़ा है।
जो हवा सप्ताह भर पहले सामान्य थी, वह अब खराब की श्रेणी में आ गई है। विशेषज्ञों का कहना है कि आगे भी यह स्थिति बनी रहेगी। दिवाली के समय स्थिति और खतरनाक हो जाएगी। ऐसे में हृदय व सांस के रोगियों को खास सावधानी बरतनी होगी।
16 अक्तूबर को हुई बारिश से एयर पाल्यूटेंट (प्रदूषण फैलाने वाले कारक) धुल गए। इसके बाद हवा की गुणवत्ता सुधरी। एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) अच्छा और संतोषजनक हो गया। 16 अक्तूबर को 162 एक्यूआई दर्ज किया गया था। इसके बाद से लेकर 23 अक्तूबर तक हवा की गुणवत्ता संतोषजनक बनी रही। 24 अक्तूबर से इसमें बदलाव शुरू हुआ। यह मॉडरेट होने लगी। विशेषज्ञों का कहना है कि वाहनों से निकलने वाला धुंआ, निर्माण कार्यों से उड़ने वाली धूल सहित अन्य तत्वों के कारणों से वायु की गुणवत्ता प्रभावित होती है।
इसे भी पढ़ें: प्रेमिका ने शादी से किया इनकार, युवक ने कर ली खुदकुशी
[ad_2]
Source link