डॉक्टर की सलाह: कोरोना का तगड़ा झटका झेला है तो कड़ी मेहनत और कसरत से करें परहेज

[ad_1]

If you suffered severe blow from Corona then avoid hard work and exercise

सांकेतिक तस्वीर।
– फोटो : अमर उजाला

विस्तार


कोरोना संक्रमण लगभग खत्म हो चुका है। लेकिन, उसका दंश अभी तक दर्द दे रहा है। इस महामारी से गंभीर रूप से पीड़ित हुए लोगों के फेफड़े कमजोर हो चुके हैं। कोई अस्थमा की चपेट में है तो किसी को दिल की बीमारी ने घेर लिया है। व्यायाम और बदली दिनचर्या से कम उम्र में लोगों की मौत की खबरों से लोग दहशत में हैं। लोग भ्रमित हैं कि खुद को स्वस्थ रखने के लिए वे नियमित व्यायाम करें या फिर आराम। डॉक्टरों की मानें तो ऐसी समस्या से परेशान लोगों के लिए हल्का व्यायाम ही बेहतर है। सप्ताह में सिर्फ चार दिन का व्यायाम ही काफी है।

मेडिकल कॉलेज के सुपर स्पेशयलिटी ब्लॉक स्थित हृदय रोग विभाग में भी ऐसे मरीज पहुंच रहे हैं, जिन्हें कोरोना के बाद दिक्कत आई है। इन मरीजों में 30 से 40 साल की महिलाओं की संख्या अधिक है। युवाओं में अनियमित दिनचर्या भी बीमारी बढ़ने की अहम वजह बन रही है। सहजनवां की 32 वर्षीया महिला को कोरोना हुआ था। बीमारी तो ठीक हो गई, लेकिन उसे सांस लेने में दिक्कत बनी रही। मेडिकल कॉलेज में जांच में पता चला कि कोरोना के दौरान फेफड़े में खून जमने से यह परेशानी है। अब वह अस्थमा की मरीज है।

इसे भी पढ़ें: गोरखपुर में कई चौकी इंचार्ज बदले गए, 38 के कार्यक्षेत्र में बदलाव

कुशीनगर के 38 वर्षीय कोरोना संक्रमित युवक अब हृदय रोग से परेशान है। उसके जैसे तमाम नौजवान हैं जो इन दिनों कोरोना के साइड इफेक्ट झेल रहे हैं। हर महीने में मेडिकल कॉलेज में आठ से 10 केस ऐसे आते हैं जो कोरोना पीड़ित थे। अब वह किसी अन्य बीमारी की चपेट में आ चुके हैं। इनमें एक ही बात समान होती है कि फेफड़े की कार्य क्षमता काफी कम हो चुकी है। ऐसे में इन लोगों को श्वसन संबंधी रोग हो रहे हैं। लक्षण के आधार पर सभी का इलाज हो रहा है।

[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *