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काशी विश्वनाथ मंदिर
– फोटो : अमर उजाला
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अयोध्या में श्रीरामलला की प्राण प्रतिष्ठा उल्लास हर ओर छाया है। काशी में दिवाली सरीखे इस उत्सव की तैयारी पूरे उत्साह के साथ चल रही है। देवालय दीपों से जगमग होंगे और रामभक्ति की बयार बहेगी। आयोजनों के लिए मठ-मंदिर सज-धज रहे हैं। बाबा विश्वनाथ धाम में 25 हजार दीप जलेंगे तो मां अन्नपूर्णा मंदिर में 11 हजार दीप और 200 बटुक सुंदरकांड का सामूहिक पाठ करेंगे।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विभिन्न संगठनों व विश्व हिंदू परिषद की ओर से घरों, मठों और मंदिरों में 22 जनवरी को पूजन-अर्चन और धार्मिक अनुष्ठान होंगे। मठों और मंदिरों में तैयारी तेज हो गई है। बाबा विश्वनाथ धाम को सजाया संवारा जा रहा है। यहां 25 हजार दीप जलाने के साथ पूजन-अर्चन होगा।
मंदिर प्रशासन की ओर से विविध अनुष्ठान होंगे। 51 वैदिक ब्राह्मण वेद पारायण और सुंदरकांड का पाठ करेंगे। मंदिर के सामने चौक पर राम दरबार की झांकी सजाई जाएगी। डमरू और शंख वादन होगा। रामलला की प्राण प्रतिष्ठा का सजीव प्रसारण भी एलईडी टीवी के जरिये होगा। शाम को सांस्कृतिक संध्या का आयोजन होगा।
मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुनील कुमार वर्मा ने बताया कि शाम को धाम परिसर में दीपोत्सव का आयोजन होगा। वहीं, कालभैरव मंदिर में तीन हजार दीप जलेंगे और शृंगार, पूजन और भोग लगाकर भक्तों में प्रसाद का वितरण होगा। दुर्गा मंदिर, मानस मंदिर सहित अन्य मंदिरों में भी दीपोत्सव मनाया जाएगा।
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