केंद्रीय अंतरिम बजट: हिमाचल की 44 हजार आंगनबाड़ी और आशा वर्करों को भी मिलेगा आयुष्मान भारत योजना का लाभ

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Union Interim Budget: 44 thousand Anganwadi and Asha workers of Himachal will also get the benefit of Ayushman

आंगनबाड़ी केंद्र
– फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार


आयुष्मान भारत योजना के दायरे में अब हिमाचल प्रदेश की 44 हजार आंगनबाड़ी व आशा वर्कर भी शामिल होंगी। केंद्र सरकार के अंतरिम बजट में इस वर्ग के लिए यह बड़ा एलान किया गया है। अब प्रदेश की 36 हजार आंगनबाड़ी वर्करों, सहायिकाओं और आठ हजार आशा वर्करों को भी पांच लाख रुपये तक स्वास्थ्य बीमा कवर मिलेगा। आयुष्मान योजना के तहत आने वाले परिवारों को हर साल पांच लाख रुपये तक के मुफ्त इलाज की सुविधा जी जाती है। आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री-जन आरोग्य योजना (एबी-पीएमजेएवाई) दुनिया की सबसे बड़ी सार्वजनिक रूप से वित्त पोषित स्वास्थ्य बीमा योजना है।

माध्यमिक और तृतीयक देखभाल अस्पताल में भर्ती के लिए प्रति वर्ष प्रति परिवार पांच लाख रुपये का कवरेज इस योजना में प्रदान किया जाता है। इस योजना के तहत आने वाले परिवार हर साल पांच लाख रुपये तक निशुल्क इलाज, मेडिकल हेल्थ केयर का लाभ उठा सकते हैं। देश के सरकारी और निजी अस्पतालों में भी शामिल किया गया है। इस योजना के तहत आने वाला कोई व्यक्ति अगर अस्पताल में भर्ती होता है तो उसे भर्ती होने से एक सप्ताह पहले होने वाले टेस्ट और छुट्टी मिलने के 10 दिन बाद तक के खर्च सरकार देती है। कैंसर, किडनी सहित कई गंभीर बीमारियों का इलाज इस योजना के तहत किया जाता है।

अंतरिम बजट : ई-बसों की खरीद में मिलेगी मदद

अंतरिम बजट में ई-बसों की खरीद में सरकारों की मदद की घोषणा की गई है। हिमाचल प्रदेश को इसका लाभ मिल सकता है। प्रदेश सरकार राज्य की सभी डीजल बसों को इलेक्टि्रक बसों में बदलने की घोषणा कर चुकी है। इसी कड़ी में 300 इलेक्ट्रिक बसों की खरीद प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी है। ई-वाहनों को प्रोत्साहन के साथ ई-वाहन चार्जिंग सुविधा नेटवर्क भी विकसित किया जाएगा।

नए हवाई अड्डे बनाने और मौजूदा के विस्तार का भी मिल सकता है हिमाचल को लाभ

 नए हवाई अड्डे बनाने मौजूदा हवाई अड्डों के विस्तार का भी हिमाचल को लाभ मिल सकता है। प्रसंस्करण में निजी भागीदारी को प्रोत्साहन देने का ऐलान किया गया है जिसका किसान संगठन विरोध कर रहे हैं। एक करोड़ घरों की छतों पर सोलर पैनल लगाकर 300 मुफ्त बिजली उपलब्ध करवाने की योजना का लाभ भी हिमाचल के लोगों को मिल सकता है। योजना से घर की बिजली मुफ्त हो जाएगी और अतिरिक्त बिजली को बेचकर कमाई भी की जा सकेगी। ई-वाहनों की चार्जिंग के लिए भी बिजली इस्तेमाल हो सकेगी और रोजगार का भी जरिया मिलेगा। 9 से 14 साल की लड़कियों को बच्चेदानी के कैंसर की वैक्सीनेशन मुफ्त मिलेगी तो इसका भी हिमाचल को लाभ होगा। राज्य में टैक्स की स्लैब को नहीं बढ़़ाया गया। अनुसंधान कार्य करने वालों को पचास साल का ब्याजमुक्त लोन दिया जाएगा।

वर्करों के मानदेय में पांच साल तक नहीं की कोई बढ़ोतरी : मेहरा

मजदूर संगठन सीटू के प्रदेश अध्यक्ष विजेंद्र मेहरा ने कहा कि केंद्र सरकार ने आंगनबाड़ी वर्करों को दिए जाने वाले मानदेय में बीते पांच साल के दौरान एक रुपये की भी बढ़ोतरी नहीं की है। प्रदेश में आम परिवारों के लोग वैसे भी आयुष्मान योजना में शामिल हो जाते हैं। आंगनबाड़ी वर्करों का बड़ा हिस्सा पहले से आयुष्मान कवरेज में शामिल हैं। उन्होंने कहा कि 300 करोड़ रुपये का बजट आंगनबाडी वर्करों के लिए बीते वर्ष के मुकाबले घटाया गया है। वर्ष 2013 में हुए भारतीय श्रम सम्मेलन में वर्करों को नियमित करने की बात कही थी लेकिन अभी तक ऐसा नहीं हुआ। नियमित करने की बीते लंबे से मांग चल रही है। मानदेय में बढ़ोतरी नहीं होने से बढ़ती महंगाई में गुजारा करना मुश्किल हो गया है। मेहरा ने कहा कि 16 फरवरी को प्रस्तावित देश व्यापी हड़ताल में यह मांग भी शामिल रहेगी।

 

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