Sant Kabir Nagar News: मां की मौत के तीन घंटे बाद बेटे ने तोड़ा दम, गांव में शोक की लहर

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बिड़हर घाट पर एक साथ जली मां बेटे की चिता।

बिड़हर घाट पर एक साथ जली मां बेटे की चिता।
– फोटो : KHALILABAD

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महली क्षेत्र के छितही के सगड़वा पुरवा में एक महिला की बुधवार को अचानक मौत हो गई। महिला के क्रिया कर्म की तैयारी चल रही थी, उसी बीच पहले से बीमार चल रहे बेटे की मौत हो गई। एक ही परिवार में तीन घंटे के अंतराल में मां- बेटे की हुई मौत से गांव के लोग दहल गए।

छितही गांव के सगड़वा पुरवा निवासी 62 वर्षीय राधिका देवी पत्नी तीरथ की बुधवार सुबह अचानक तबीयत खराब हुई। जब तक लोग उन्हें अस्पताल ले जाने की तैयारी करते, उसी बीच वृद्धा की मौत हो गई। परिजन वृद्धा के अंतिम संस्कार की तैयारी कर रहे थे। इसी बीच पहले से बीमार चल रहे 23 वर्षीय बेटे अतुल की तबीयत बिगड़ी तो लोग उसे बस्ती ले गए। बस्ती पहुंचते ही उसकी भी मौत हो गई। तीन घंटे के अतराल में मां-बेटे की हुई मौत से पीड़ित के घर कोहराम मच गया।

ग्रामीणों ने बताया कि अतुल अपनी मां राधिका देवी की मौत का सदमा बर्दाश्त नहीं कर पाया। पीड़ित परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। इससे मां-बेटा हमेशा परेशान रहते थे। पिछले वर्ष अतुल की शादी हुई थी। पति की मौत से पीड़ित पत्नी का रो-रो कर बुरा हाल है। एक साथ मां-बेटे की अर्थी उठी तो पूरा गांव दहल उठा। देर शाम धनघटा क्षेत्र के बिडहर घाट पर मां-बेटे के शवों का अंतिम संस्कार हुआ।

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महली क्षेत्र के छितही के सगड़वा पुरवा में एक महिला की बुधवार को अचानक मौत हो गई। महिला के क्रिया कर्म की तैयारी चल रही थी, उसी बीच पहले से बीमार चल रहे बेटे की मौत हो गई। एक ही परिवार में तीन घंटे के अंतराल में मां- बेटे की हुई मौत से गांव के लोग दहल गए।

छितही गांव के सगड़वा पुरवा निवासी 62 वर्षीय राधिका देवी पत्नी तीरथ की बुधवार सुबह अचानक तबीयत खराब हुई। जब तक लोग उन्हें अस्पताल ले जाने की तैयारी करते, उसी बीच वृद्धा की मौत हो गई। परिजन वृद्धा के अंतिम संस्कार की तैयारी कर रहे थे। इसी बीच पहले से बीमार चल रहे 23 वर्षीय बेटे अतुल की तबीयत बिगड़ी तो लोग उसे बस्ती ले गए। बस्ती पहुंचते ही उसकी भी मौत हो गई। तीन घंटे के अतराल में मां-बेटे की हुई मौत से पीड़ित के घर कोहराम मच गया।

ग्रामीणों ने बताया कि अतुल अपनी मां राधिका देवी की मौत का सदमा बर्दाश्त नहीं कर पाया। पीड़ित परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। इससे मां-बेटा हमेशा परेशान रहते थे। पिछले वर्ष अतुल की शादी हुई थी। पति की मौत से पीड़ित पत्नी का रो-रो कर बुरा हाल है। एक साथ मां-बेटे की अर्थी उठी तो पूरा गांव दहल उठा। देर शाम धनघटा क्षेत्र के बिडहर घाट पर मां-बेटे के शवों का अंतिम संस्कार हुआ।



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