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CM Yogi Adityanath
– फोटो : अमर उजाला
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खोराबार टाउनशिप व मेडिसिटी योजना के प्रभावितों को जीडीए अधिकारियों का प्रस्ताव रास नहीं आ रहा है। बृहस्पतिवार को मंथन करने के बाद लोगों ने इसे खारिज कर दिया। उनका कहना है कि जीडीए की ओर से उनके मकानों के बदले भूखंड आवंटित करने पर 2000 रुपये प्रति स्क्वायर फीट दर से शुल्क देने के लिए कहा जा रहा है, जो हमे मंजूर नहीं है। लोग अब सीएम से मिलकर अपनी बात रखने की तैयारी में जुटे हैं।
जंगल सिकरी सैनिक नगर कॉलोनी व खोराबार के प्रभावितों ने बुधवार को विधायक विपिन सिंह के साथ जीडीए उपाध्यक्ष महेंद्र सिंह तंवर से मुलाकात की थी। सभी की बातें सुनकर उपाध्यक्ष ने कहा कि जिन लोगों ने मकान बना लिया है, वह मुआवजा लें।
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उनको परिसर में ही सस्ते दर पर भूखंड उपलब्ध करा दिए जाएंगे। परिसर में चार हजार रुपये प्रति स्क्वायर फीट जमीन की दर निर्धारित है। लेकिन प्रभावितों को रियायत दी जाएगी। वहीं प्रभावितों का कहना है कि हम लोगों ने जमीन खरीदकर मकान बनाए हैं। हमारे मकानों को अधिग्रहण से मुक्त करते हुए कार्रवाई की जाए।
जीडीए सचिव उदय प्रताप सिंह ने कहा कि खोराबार टाउनशिप व मेडिसिटी योजना पर काम चल रहा हैं। लोगों ने उपाध्यक्ष के सामने अपना पक्ष रखा था। उनको मुआवजा लेने व परिसर में सस्ती दर पर जमीन उपलब्ध कराने का विकल्प सुझाया गया है। लेकिन इस पर अभी कोई निर्णय नहीं हुआ है।
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