खास रिपोर्ट: यहां दुर्योधन ने पांडवों को जलाकर मारने की रची थी साजिश, ये सुरंग देती है लाक्षागृह की गवाही

[ad_1]

Baghpat: Kauravas conspired to burn Pandavas alive on Lakshagraha mound during Mahabharata period

महाभारत कालीन लाक्षाग्रह का टीला
– फोटो : अमर उजाला

विस्तार


बागपत के बरनावा में महाभारत कालीन लाक्षागृह के अवशेष आज भी स्थित है। इस ऐतिहासिक धरोहर को दूर-दूर से लोग देखने आते हैं। यह वहीं महाभारत कालीन लाक्षागृह का टीला है, जहां कौरवों ने पांडवों को जिंदा जलाने का षड़यंत्र रचा था। लेकिन विदुर की नीति से पांडव सुरंग के रास्ते सुरक्षित निकल गए थे। 100 फीट ऊंचे और 30 एकड़ भूमि क्षेत्रफल में फैले टीले के रूप में वो अवशेष आज भी मौजूद हैं।

सुरंग देती है लाक्षागृह की गवाही

महाभारतकाल में बरनावा गांव को वार्णावर्त कहा जाता था। बरनावा गांव में लाक्षागृह कृष्णा और हिंडन नदी के संगम पर स्थित है। यहां दुर्योधन ने पांडवों को जिंदा जलाकर मारने के लिए लाख, मोम आदि ज्वलनशील पदार्थ से एक महल तैयार कराया। पांडव इसमें रहने के लिए गए तो विदुर ने उन्हें दुर्योधन की इस साजिश से अवगत कराया और पांडव लाक्षागृह से एक सुरंग के रास्ते सुरक्षित बाहर निकल गए और लाक्षागृह जल गया।

[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *