[ad_1]

पुलिस को बनाया बंधक
– फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कठुआ जिले के सांझी तरफ गांव में रविवार सुबह छापेमारी करने पहुंची पंजाब की पठानकोट पुलिस के एएसआई सहित तीन कर्मचारियों को ग्रामीणों ने घेर लिया। इस दौरान किसी तरह दो कर्मचारी भागने में सफल रहे, लेकिन एएसआई को ग्रामीणों ने बंधक बनाकर कमरे में बंद कर दिया।
बंधक बनाए गए एएसआई को साढ़े तीन घंटे बाद सुबह सात बजे के करीब पठानकोट और नगरी पुलिस ने मुक्त करवाया। वहीं, ग्रामीणों ने पठानकोट पुलिस के कर्मचारियों पर मारपीट करने, महिलाओं से बदसलूकी, घर में बिना वारंट तलाशी और हाथापाई करने के आरोप लगाए। ग्रामीणों ने एसएसपी कठुआ शिवदीप सिंह जम्वाल की कोठी जाकर पठानकोट पुलिस के कर्मचारियों पर कार्रवाई की मांग रखी। इसके बाद लोग थाना कठुआ पहुंचे और थाना प्रभारी सुधीर सडौत्रा को शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की। वहीं, कठुआ पुलिस ने पठानकोट पुलिस से रिपोर्ट मांगी है और मामले की जांच पूरी होने पर कार्रवाई की बात कही है।
मारपीट की और जान से मारने की धमकियां दीं
गांव सांझी तरफ की रहने वाली महिला स्वर्णा देवी ने बताया कि वह सो रहे थे। इसी दौरान सुबह साढ़े तीन बजे के करीब किसी ने उनका दरवाजा खटखटकाया। उन्होंने दरवाजा खोला तो पुलिस सामने थी। महिला ने बताया कि घर में उनका छोटा बेटा और बाकी परिवार की महिलाएं थी। पुलिस वालों ने उन्हें बताया कि वह थाना नरोट जैमल सिंह से आए हैं। महिला ने कहा कि पुलिस कर्मचारियों ने पहले पानी मांगा और फिर घर में तलाशी लेनी शुरु कर दी।
उनसे कारण पूछा तो नहीं बताया। बेटे ने उन्हें ऐसा करने पर विरोध जताया तो कर्मचारियों ने उस पर हमला कर दिया। इसी दौरान शोर सुनकर पड़ोसी भी पहुंचे। महिला ने आरोप लगाया कि पुलिस कर्मियों ने घर की महिलाओं के साथ बदसलूकी और मारपीट भी की। लोग इकट्ठा हुए देख पुलिस कर्मियों ने भागने का प्रयास किया। दो कर्मी भाग गए, लेकिन एक को हमने पकड़ लिया।
लाठी, मोबाइल और पगड़ी छोड़ भागे पुलिस जवान
स्थानीय लोगों ने बताया कि पुलिस कर्मचारी अपने मोबाइल, टॉर्च, लाठी और पगड़ी छोड़ भाग खड़े हुए। स्वर्णा ने बताया कि एएसआई को पकड़ने के तुरंत बाद पीसीआर को फोन कर जानकारी दी थी, लेकिन कोई नहीं पहुंचा। सुबह 6 बजे पठानकोट से बस भर कर कमांडो पुलिस वहां पहुंच गई। इसके बाद पहुंची नगरी पुलिस बंधक बनाए गए एएसआई को छुड़ाकर ले गई। लोगों ने कहा कि पठानकोट पुलिस के कर्मचारियों ने उनसे मारपीट की और घर में सारा सामान बिखेर दिया। आरोप लगाया कि पठानकोट पुलिस के कर्मचारियों ने उन्हें जान से मारने की धमकियां दीं। उन्होंने कहा कि उनका घर खेत में है, जिससे वह डर गए थे।
कठुआ थाना प्रभारी इंस्पेक्टर सुधीर सडौत्रा पंजाब पुलिस के कर्मचारी यहां क्या करने आए थे, यह वही बता सकते हैं। फिल्हाल रिपोर्ट मांगी गई है। वहीं, लोगों की शिकायत के आधार पर जांच शुरु कर दी है। पुलिस कर्मचारी को पठानकोट पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया है। जांच के बाद आगे कार्रवाई की जाएगी।
[ad_2]
Source link