[ad_1]

संस्कृत विश्वविद्यालय में प्रदर्शन करते विद्यार्थी
– फोटो : संवाद
विस्तार
केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के रणवीर सिंह परिसर कोटभलवाल में छात्रा के साथ हुई बदसलूकी को लेकर शुक्रवार को छात्रों ने गेट पर प्रदर्शन किया। प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते रोष जताया। विश्वविद्यालय में कक्षाएं नहीं लगीं। इस कारण बाकी छात्राओं को परेशानी का सामना करना पड़ा।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि बार-बार ऐसे मामले सामने आ रहे हैं, लेकिन प्रशासन की ओर कार्रवाई नहीं की जाती। मौके पर पहुंची पुलिस के साथ छात्रों ने बात की। साढ़े तीन सौ से अधिक छात्रों के रोष को देखते हुए निदेशक ने आरोपी शिक्षक को निलंबित कर दिया। अब अनुशासन समिति मामले की जांच करेगी। रिपोर्ट आने तक शिक्षक सेवाएं नहीं देंगे। छात्रों ने दावा किया कि दिल्ली में विश्वविद्यालय के वीसी के साथ बात की है। उन्हें आश्वासन मिला है कि 18 सितंबर को दिल्ली से मामले की जांच के लिए समिति आएगी। इसके साथ 25 सितंबर से वीसी दौरा करेंगे।
वहीं, अनुशासन समिति के अध्यक्ष सतीश कुमार कपूर ने कहा कि पहले भी मामले की जांच की गई थी, लेकिन छात्रा समिति के निर्णय से सहमत नहीं थी। इसलिए दोबारा जांच की जाएगी। दिल्ली से वरिष्ठ अधिकारी आएंगे। अगर शिक्षक पर बदसलूकी का आरोप साबित होता है तो कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि आरोपी शिक्षक दूसरे राज्य से आया है। हिंदी पर ज्यादा पकड़ नहीं है। किसी एक शब्द को लेकर मामला गरमा गया। फिलहाल उन्हें निलंबित कर दिया है।
निदेशक के पद छोड़ने की चर्चा
छात्रों ने दावा किया कि निदेशक भी त्याग पत्र देने की तैयारी कर रहे हैं। त्याग पत्र में लिखा है कि वह पद छोड़ना चाहते हैं। जल्द पत्र वीसी को भेजने की संभावना है। वहीं, इस बारे में निदेशक से बात करने का प्रयास किया तो उनका फोन बंद आ रहा था।
[ad_2]
Source link