जम्मू कश्मीर: कटड़ा में बनेगा भव्य शंकराचार्य मंदिर, ढांचे की साफ-सफाई का काम श्राइन बोर्ड ने करवाया शुरू

[ad_1]

Jammu Kashmir: grand Shankaracharya temple will be built in Katra, Shrine Board has started cleaning structure

शंकराचार्य मंदिर कटड़ा
– फोटो : संवाद

विस्तार

धर्मनगरी कटड़ा में त्रिकुटा पर्वत के साथ लगाते निर्माणाधीन शंकराचार्य मंदिर ढांचे के साफ-सफाई का कार्य श्राइन बोर्ड ने शुरू कर दिया गया है। दो माह पहले श्राइन बोर्ड के सीईओ ने दौरा कर इंजीनियरिंग विंग को मार्ग का मुआयना करने के निर्देश दिए थे।

श्राइन बोर्ड का कहना है कि जल्द शंकराचार्य मंदिर का निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा। इसको लेकर निर्माणाधीन शंकराचार्य मंदिर ढांचे की साफ सफाई का कार्य जारी है। बोर्ड प्रशासन ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि बरसात के मौसम के शुरू होने से पहले इसे ढांचे की मजबूती को लेकर सभी जरूरी कार्य पूरे कर लिए जाएं।

धर्मनगरी की प्राचीन दर्शनी ड्योढ़ी से निर्माणाधीन शंकराचार्य मंदिर तक करीब 2 किलोमीटर लंबा रास्ता खस्ताहाल है। श्राइन बोर्ड प्रशासन ने मुआयना कर इस मार्ग को पूरी तरह से बरसात शुरू होने से पहले दुरुस्त करवाने का जिम्मा लिया है।

गौरतलब है कि 30 साल पहले श्राइन बोर्ड प्रशासन के चेयरमैन जगमोहन ने इस निर्माणाधीन शंकराचार्य मंदिर का कार्य शुरू करवाया था । परंतु किन्हीं कारणों से परियोजना आगे नहीं बढ़ सकी। मगर लगातार श्राइन बोर्ड प्रशासन से स्थानीय लोगों के साथ लगातार बातचीत करता रहा।

आखिरकार मंदिर के निर्माण को लेकर सभी बाधाएं दूर कर ली गई हैं। करीब 15 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाला भव्य शंकराचार्य मंदिर आगामी 2 साल में बनकर तैयार होगा। मंदिर को पूरी तरह से डोगरी कला पर आधारित बनाया जाएगा।

डोगरी संस्कृति की झलक भी मंदिर में देखने को मिलेगी। मंदिर के गर्भगृह में या तो श्रीनगर के अति प्राचीन शंकराचार्य मंदिर की तर्ज पर शिवलिंग स्थापित होगा या फिर नेपाल स्थित पशुपतिनाथ मंदिर की तर्ज पर शिवलिंग की स्थापना की जाएगी।

इस पर फिलहाल बोर्ड गंभीरता से विचार कर रहा है। निर्माणाधीन मंदिर का काम एक बार फिर शुरू होने को लेकर स्थानीय निवासी उत्साहित हैं। साथ ही मां वैष्णो के दर्शन को आ रहे भक्तों को भी इसका बेसब्री से इंतजार है।

बरसात के मौसम के शुरू होने से पहले ही मंदिर के पुराने ढांचे की साफ-सफाई के साथ ही मजबूती को लेकर सभी जरूरी कदम उठा लिए जाएंगे। साथ ही मंदिर तक जाने वाले 2 किलोमीटर लंबे मार्ग का मुआयना भी कर लिया गया है और बाकी कार्य भी तेजी से जारी है।–  अंशुल गर्ग, सीईओ श्राइन बोर्ड

[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *