जम्मू कश्मीर: गुलाम अली खटाना बोले- प्रदेश में लगाए जाएं पांच गामा स्कैनर, जानें क्या होगा लाभ

[ad_1]

गुलाम अली खटाना

गुलाम अली खटाना
– फोटो : अमर उजाला

ख़बर सुनें

राज्यसभा के सदस्य गुलाम अली खटाना ने केंद्रीय गृह सचिव अजय कुमार भल्ला से मुलाकात कर जम्मू कश्मीर में वर्तमान सुरक्षा स्थिति, मादक पदार्थों की तस्करी की समस्या और बेरोजगारी पर चर्चा की। उन्होंने जोर दिया कि जम्मू कश्मीर में नशा, हथियारों की तस्करी को रोकने के लिए कम से कम पांच गामा स्कैनर लगाए जाएं। अनुच्छेद 370 के निरस्त होने के बाद जम्मू कश्मीर में शांति के नए युग की शुरुआत हुई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकास को नई गति मिली है, लेकिन कुछ ऐसे क्षेत्र हैं जिनमें आपके व्यक्तिगत और तत्काल हस्तक्षेप की आवश्यकता है। 

जम्मू कश्मीर में वर्तमान शांति से दुश्मन देश निराश है और नशा व हथियारों से आगे बढ़ाकर नई चुनौतियां दे रहा है। इस खतरे को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अच्छी तरह से पहचाना है। गामा स्कैनर लगाने का एक प्रस्ताव सीआरपीएफ द्वारा पहले ही रखा जा चुका है। मैं सिफारिश करता हूं कि कम से कम 5 गामा स्कैनर कश्मीर के काजीकुंड अनंतनाग, राजोरी-पुंछ/मुगल रोड पर, बन टोल प्लाजा, नगरोटा, कठुआ जिला के लखनपुर और नगरी परोल में लगाए जाएं। 

इसे नशा, हथियारों और गोला बारूद की तस्करी को रोकने में काफी मदद मिलेगी। उन्होंने बेरोजगार युवाओं के लिए रोजगार पैकेज की मांग की। भारत सरकार आईआरपी, बार्डर बटालियन और जेकेपी की कम से कम 20 नई बटालियनों को मंजूरी दे। यह जरूरी हो गया है कि हमें अपने सुरक्षा ग्रिड को मजबूत और उन्नत करते हुए साइबर युद्ध का मुकाबला करने के लिए तैयार होना चाहिए। सूचना योद्धा नामक एक विशेष बटालियन का गठन किया जाना चाहिए।

विस्तार

राज्यसभा के सदस्य गुलाम अली खटाना ने केंद्रीय गृह सचिव अजय कुमार भल्ला से मुलाकात कर जम्मू कश्मीर में वर्तमान सुरक्षा स्थिति, मादक पदार्थों की तस्करी की समस्या और बेरोजगारी पर चर्चा की। उन्होंने जोर दिया कि जम्मू कश्मीर में नशा, हथियारों की तस्करी को रोकने के लिए कम से कम पांच गामा स्कैनर लगाए जाएं। अनुच्छेद 370 के निरस्त होने के बाद जम्मू कश्मीर में शांति के नए युग की शुरुआत हुई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकास को नई गति मिली है, लेकिन कुछ ऐसे क्षेत्र हैं जिनमें आपके व्यक्तिगत और तत्काल हस्तक्षेप की आवश्यकता है। 

जम्मू कश्मीर में वर्तमान शांति से दुश्मन देश निराश है और नशा व हथियारों से आगे बढ़ाकर नई चुनौतियां दे रहा है। इस खतरे को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अच्छी तरह से पहचाना है। गामा स्कैनर लगाने का एक प्रस्ताव सीआरपीएफ द्वारा पहले ही रखा जा चुका है। मैं सिफारिश करता हूं कि कम से कम 5 गामा स्कैनर कश्मीर के काजीकुंड अनंतनाग, राजोरी-पुंछ/मुगल रोड पर, बन टोल प्लाजा, नगरोटा, कठुआ जिला के लखनपुर और नगरी परोल में लगाए जाएं। 

इसे नशा, हथियारों और गोला बारूद की तस्करी को रोकने में काफी मदद मिलेगी। उन्होंने बेरोजगार युवाओं के लिए रोजगार पैकेज की मांग की। भारत सरकार आईआरपी, बार्डर बटालियन और जेकेपी की कम से कम 20 नई बटालियनों को मंजूरी दे। यह जरूरी हो गया है कि हमें अपने सुरक्षा ग्रिड को मजबूत और उन्नत करते हुए साइबर युद्ध का मुकाबला करने के लिए तैयार होना चाहिए। सूचना योद्धा नामक एक विशेष बटालियन का गठन किया जाना चाहिए।



[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *