सोने की तस्करी: सिगरेट बरामदगी के पीछे सोना पार कराने का खेल, कस्टम को चकमा देकर निकल जाते हैं

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Custom team is recovering cigarettes from smugglers on Lucknow airport.

प्रतीकात्मक तस्वीर
– फोटो : Amar Ujala

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विदेश से सिगरेट तस्करी के पीछे एक बड़ा खेल चल रहा है। सिगरेट के साथ ये तस्कर पेट में सोना छिपाकर लाते हैं, लेकिन सिगरेट जब्तीकरण के बाद कस्टम की कस्टडी से आसानी से चले जाते हैं। इससे आसानी से करोड़ों का सोना पार कर ले जाते हैं। दूसरी तरफ कस्टम विभाग सिगरेट की बरामदगी कर गुडवर्क भी कर लेता है।

दरअसल, एक अप्रैल को कस्टम ने शारजाह से आए जिन 36 तस्करों को 3.12 करोड़ की सिगरेट के साथ पकड़ा, उनमें से 30 तस्कर पेट में सोना भी छिपाकर लाए थे। दूसरे दिन 29 तस्कर कस्टम की टीम को चकमा देकर भाग गए तो यह मामला उच्चाधिकारियों तक पहुंच गया था, इसलिए तत्काल पुलिस को सूचना देकर एफआईआर दर्ज कराई गई।

पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि अधिकतर तस्करों के पास से सिगरेट बरामद होती है। जानकारी के मुताबिक सिगरेट साजिश के तहत लाई जाती है, ताकि टीम का ध्यान उस ओर मुड़ जाए और तस्कर आसानी से सोना लेकर एयरपोर्ट से निकल जाएं। पिछले एक साल में करोड़ों रुपये की सिगरेट बरामद हुई है। पूरी संभावना है कि वह सभी तस्कर सोना भी लाए थे।

पुलिस ने तस्कर पकड़े, फिर सभी छोड़ दिए गए

सरोजनीनगर पुलिस ने करीब एक माह पहले डेढ़ दर्जन संदिग्ध लोग पकड़े थे। ये विदेश से आए थे। पुलिस की जांच में सामने आया था कि ये लोग सोना छिपाकर लाए थे। पुलिस ने सभी तस्करों को कस्टम विभाग के सुपुर्द कर दिया था, लेकिन करीब पांच घंटे बाद ही सभी छूट गए थे। सवाल है कि आखिर उन्हें क्यों छोड़ा गया। क्या कोई कार्रवाई की गई या नहीं, इसकी कोई जानकारी नहीं है।

क्या कोई सांठगांठ है…

सिगरेट की आड़ में सोना पार करने के खेल के पीछे क्या विभागीय स्तर पर कोई सांठगांठ है, ये बड़ा सवाल है। क्योंकि इतनी आसानी से कस्टडी से बिना चेकिंग एयरपोर्ट से बाहर निकलना आसान नहीं होता है। इसलिए ये बेहद गंभीर प्रकरण है।

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