[ad_1]

काशी विश्वनाथ धाम में केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल
– फोटो : अमर उजाला
विस्तार
गंगा विलास क्रूज आत्मनिर्भर भारत की मिसाल है। नदी में चलने वाला दुनिया का सबसे बड़ा पूरी तरह स्वदेशी यह क्रूज भारतीय मेधा की पहचान है। यह क्रूज आने वाले समय में भारतीय तकनीक का लोहा मनवाएगा। उक्त बातें केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने गुरुवार को रविदास घाट पर कहीं।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि जलमार्ग संख्या एक से क्रूज का संचालन न सिर्फ नदी पर्यटन को बढ़ावा देगा बल्कि जलमार्ग के जरिये व्यापार को गति प्रदान करेगा। नदियों के जरिये आवाजाही पर्यावरण के लिए अनुकूल है। इससे सड़क मार्ग पर अतिरिक्त दबाव भी कम होगा।
अपस्ट्रीम में 10 से 15 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार
गंगा विलास क्रूज की अपस्ट्रीम में रफ्तार 10 से 15 किलोमीटर प्रति घंटा है। डाउनस्ट्रीम में इसकी रफ्तार दोगुनी हो जाती है। क्रूज के संचालन में एक दिन में एक हजार लीटर डीजल खर्च होता है। इसकी ईंधन क्षमता 40 हजार लीटर की है। इस लिहाज से 40 दिन तक यह लगातार पानी पर तैर सकता है।
[ad_2]
Source link