Aligarh: हिंदू गौरव दिवस में कल्याण सिंह को श्रद्धांजलि, 2024 लोकसभा चुनाव का रोड मैप कर गए नेताजी तैयार

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Tribute to Kalyan Singh on Hindu Gaurav Diwas

हिंदू गौरव दिवस में गृहमंत्री अमित शाह
– फोटो : अमर उजाला

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पूर्व मुख्यमंत्री एवं राज्यपाल बाबूजी कल्याण सिंह की द्वितीय पुण्यतिथि पर नुमाइश मैदान में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन और हिंदू गौरव दिवस का शुभारंभ किया गया। गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह, प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य एवं बृजेश पाठक, केन्द्रीय उद्योग मंत्री पीयूष गोयल, प्रदेश अध्यक्ष भाजपा भूपेन्द्र सिंह चौधरी, प्रदेश संगठन मंत्री धर्मपाल सिंह, पूर्व मुख्य मंत्री राजस्थान बसुन्धरा राजे सिंधिया आदि ने श्रद्धासुमन अर्पित किये। साथ ही सभी का 2024 लोकसभा चुनाव पर भी निशाना रहा। 

गृह मंत्री अमित शाह ने कहा यह

गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि बाबूजी कल्याण सिंह में वैचारिक कर्मठता, प्रशासनिक क्षमता, संगठन दक्षता और पिछड़ों व गरीबों के प्रति असीम संवेदनशीलता थी। जब प्रधानमंत्री मोदी ने श्रीराम मन्दिर का शिलान्यास किया, तो बाबूजी ने कहा कि मेरा जीवन धन्य होने के साथ ही जीवन का लक्ष्य पूरा हो गया। जब बाबूजी उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बने तब उन्होंने तीन बातों को लक्ष्य बनाया, श्रीराम जन्मभूमि आन्दोलन को गति देना, गरीब कल्याण के भारतीय जनता पार्टी के विचार को धरातल पर उतारना और सामाजिक सद्भाव स्थापित करते हुए जातिवाद को समाप्त कर करोंड़ों पिछड़ा वर्ग के लोगों का कल्याण करना। आज बाबूजी के इन लक्ष्यों को पीएम मोदी आगे ले जा रहे हैं। 

योगी आदित्यनाथ का स्वागत करते अलीगढ़ डीएम इंद्र विक्रम सिंह

उन्होंने करोड़ों गरीबों को गैस चूल्हा, बिजली, शौचालय, पेयजल, स्वास्थ्य सुविधाएं, खाद्यान्न और अन्य योजनाओं के माध्यम से गरीब कल्याण के लक्ष्य को पूरा किया। बाबूजी ने सदैव पिछड़े वर्ग को आगे बढ़ाने का कार्य किया और मोदी जी ने भी राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग को संवैधानिक दर्जा दिया, नीट की परीक्षा, नवोदय विद्यालय, सैनिक स्कूलों में आरक्षण दिया। उन्होंने पिछड़ा समाज के उद्यमियों के लिए नेशनल पेंशन फण्ड की स्थापना की। संविधान संशोधन कर ओबीसी को संवैधानिक दर्जा प्रदान किया। 

पीएम मोदी ने राम मन्दिर निर्माण के कोर्ट में निर्णय आने के बाद खून का एक भी कतरा बहाए बगैर भव्य राम मन्दिर निर्माण के लिए भूमि पूजन किया। रामभक्तों का सैलाब अयोध्या में उमड़ पड़ा, बात आपे से बाहर हो गयी और बाबूजी पर रामभक्तों के ऊपर गोली चलवाने का दवाब बनाया गया तब बाबूजी ने निर्णय लिया कि गोली नहीं चलेगी और उन्होंने मुख्यमंत्री पद त्याग दिया। आज उसी निर्णय के बलबूते मोदी जी के नेतृत्व में 2024 के शुरू में ही 550 साल बाद रामलला अपने भव्य मन्दिर में विराजमान होंगे।

बाबूजी का पुण्यतिथि पर उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि 2013 में जब में यूपी के प्रभारी के तौर पर आया तो उत्तर प्रदेश की जरा भी जानकारी नहीं थी। राजू भैया उस समय साथ उपस्थित थे जब बाबूजी ने लगातार 11 घण्टे बैठाकर उत्तर प्रदेश के हर जनपद की जानकारी दी। अगस्त 2013 से शपथ ग्रहण तक बाबूजी ने लगातार सुबह-सांय फोन कर अपना मार्गदर्शन दिया और उसका परिणाम यह हुआ कि प्रदेश में 73 सीट जीतकर मोदी जी के नेतृत्व में सरकार का गठन हुआ। 

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