BHU: ‘पिताजी की पिटाई किए हैं, अब बेटे को मारेंगे’, बीएचयू वाणिज्य संकाय प्रमुख को बाइक सवार युवकों ने धमकाया

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BHU: 'We have beaten the father, now we will beat the son', bike riding youths threatened BHU commerce faculty

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– फोटो : फाइल फोटो

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बीएचयू में 17 सितंबर को वाणिज्य संकाय प्रमुख प्रो. जीसीआर जायसवाल की युवकों द्वारा पिटाई के मामले में अभी कार्यवाही पूरी नहीं हो पाई है कि बुधवार को भी उन्हें और उनके बेटे को जान से मारने की धमकी मिल गई। संकाय परिसर में बाइक सवार दो युवकों ने प्रो.जायसवाल के साथ मौजूद सुरक्षा कर्मी से कहा कि पिताजी की पिटाई किए हैं,अब बेटे को मारेंगे।

बुधवार की दोपहर में घटी इस घटना के बाद से प्रोफेसर जायसवाल और उनका परिवार डरा है। उन्होंने चीफ प्रॉक्टर से इसकी लिखित शिकायत और लंका एसओ को तहरीर देकर मुकदमा दर्ज करने को कहा है। प्रो.जीसीआर जायसवाल के साथ 17 सितंबर को सुबह मुंह बांधे युवकों ने पिटाई कर दी थी। जिसमें उन्हें चोट आई थी। इसके बाद से बहुत दिनों तक तो वह संकाय में भी नहीं गए। इधर कुछ दिनों से संकाय में आना-जाना शुरू किया था। प्रोफेसर जायसवाल ने जो तहरीर दी है,उसमे लिखा है कि बुधवार की दोपहर में करीब 1 बजे वह अपने घर से वाणिज्य संकाय के लिए निकले। साथ में घर पर तैनात सुरक्षा कर्मी को भी साथ ले लिया। अभी संकाय पहुंचे ही थे कि बाइक सवार तीन युवक उनका पीछा करते नजर आए। प्रोफेसर जायसवाल ने बताया कि साथ में मौजूद सुरक्षाकर्मी ने जब छात्रों से पीछा करने का कारण पूछा तो उन्होंने नाराजगी जाहिर की और सुरक्षा कर्मी के साथ उनको भी धमकी दी। प्रो.जायसवाल ने बताया कि वही से उनका बेटा भी घर लौट रहा था। उसने जब धमकी का विरोध जाता है तो बाइक सवार युवकों ने सुरक्षा कर्मी से कहा कि अभी तो पिता को ही पीटे हैं अब बेटे को मारेंगे। प्रोफेसर जायसवाल का कहना है कि इस तरह की घटना के बाद सुरक्षा का डर बना है।

महीने भर बाद मिली फिर एफआईआर कॉपी, सुरक्षा का कोई इंतजाम नहीं

संकाय प्रमुख प्रोफेसर जीसीआर जायसवाल ने अमर उजाला को बताया कि 17 सितंबर को उनके साथ मुंह बांधे युवकों ने पिटाई की थी। इसके बाद उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन और पुलिस प्रशासन से सुरक्षा की गुहार लगाई थी। साथ ही मुकदमा दर्ज करने के लिए के चीफ प्रॉक्टर कोपत्र भी भेजा था। बताया कि घटना के एक महीने बाद उन्हें मुकदमा दर्ज होने की कॉपी मिली है जहां तक सुरक्षा की बात है तो अब तक विश्वविद्यालय की ओर से महज एक सुरक्षा कर्मी ही मिला है जो की घर पर तैनात रहता है। बुधवार को संकाय में जाते समय सुरक्षा कर्मी को साथ ले गए थे। कहा कि पुलिस कमिश्नर से भी मुलाकात कर सशस्त्र सुरक्षा की मांग की थी लेकिन अब तक पुलिस से भी कोई सुरक्षा नहीं मिली।

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