Bihar Crime: सीतामढ़ी के रेड लाइट एरिया में पुलिस ने छापेमारी कर असम की युवती को कराया मुक्त; दलाल फरार

[ad_1]

Police raided the red light area of Sitamarhi and freed the girl from Assam; pimp absconding

छापेमारी के दौरान मौके पर मौजूद पुलिस और स्थानीय
– फोटो : अमर उजाला

विस्तार


बिहार की सीतामढ़ी पुलिस ने रेड लाइट एरिया में छापेमारी कर एक असम की युवती को मुक्त कराया है। सीतामढ़ी नगर थाना पुलिस ने गुप्त सूचना पर उक्त कार्रवाई की है और रेड लाइट एरिया में बेची गई असम की एक युवती को मुक्त कराया। हालांकि, इस दौरान जबरन देह व्यापार कराने वाले दलाल मौके से फरार हो गए।

रेड लाइट एरिया में जबरन देह व्यापार में धकेलने का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी बंगाल, पूर्णिया, आसाम सहित सूबे के कई जिले की लड़कियों को यहां लाकर देह व्यापार कराया जाता रहा है। दर्जनों बार दिल्ली के एक एनजीओ की मदद से पुलिस ने इस दलदल से कई लड़कियों को बाहर निकाला है। लेकिन कोई ठोस करवाई नहीं होने की वजह से इस तरह का धंधा रुकने का नाम नहीं ले रहा है।

फिलहाल उक्त मामले में नगर थानाध्यक्ष सह इंस्पेक्टर अरुण कुमार के बयान पर एफआईआर दर्ज की गई है। इसमें मंजूर खलीफा, उसकी पत्नी रानी खातून और उसका भाई रमजान खलीफा को आरोपी बनाया गया है। मंजूर खलीफा इससे पहले भी एक बार जेल जा चुका है।

थानाध्यक्ष ने बताया कि वह गश्ती पर थे कि इसी दौरान उन्हें सूचना मिली कि रेड लाइट एरिया में मंजूर खलीफा के घर में उसकी पत्नी और भाई देह व्यापार का धंधा करवा रहे हैं। वे बाहर से लाकर लड़कियों को रखे हुए हैं और वे आज लड़कियों को कहीं बाहर भेजने वाले हैं। उसके बाद थानाध्यक्ष ने वरीय अधिकारियों को सूचित करते हुए छापेमारी की। जैसे ही मंजूर खलीफा के घर के पास पुलिस जीप पहुंची, सामने से एक नाबालिग लड़की दौड़कर पुलिस के जीप के पास आ गई। उसने रोते हुए बताया कि उक्त घर में उससे जबरन देह व्यापार का धंधा कराया जा रहा है। इसके बाद मंजूर खलीफा के घर में छापेमारी की गई, तब तक सभी लोग भाग निकले।

नाबालिग से पूछताछ करने पर पता चला कि वह असम की रहने वाली है। नाबालिग ने पुलिस को बताया है कि देह व्यापार कराने वाली महिला को लोग रानी दीदी के नाम से बुलाते हैं। थानाध्यक्ष ने बताया कि लड़की को मुक्त करा लिया गया है।

[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *