[ad_1]

लगातार बारिश के बाद जलमग्न हुईं समस्तीपुर की सड़कें
– फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बिहार के समस्तीपुर और आसपास के इलाके में पिछले चौबीस घंटे से लगातार बारिश हो रही है। बारिश ने पिछले 54 सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। इन 24 घंटों में 229.5 एमएम बारिश हुई है। इतनी बारिश इस तारीख को अगस्त महीने 54 सालों में नहीं हुई थी। मानसून में यह पहली बार हुआ है। लगातार बारिश होने से समस्तीपुर शहर झील जैसा बन गया है। शहर की लगभग सभी सड़कों पर एक से दो फुट तक पानी भरा हुआ है, जिससे लोगों की परेशानी बढ़ गई है।
डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय के मौसम विभागाध्यक्ष डॉ, अब्दुल सत्तार ने बताया कि पिछले 54 सालों में मानसून के दौरान अगस्त महीने की इस तारीख को चौबीस घंटों में 229 एमएम बारिश नहीं हुई थी। उन्होंने कहा कि जून से सितंबर तक देखा जाय तो 2007 में 248.5 एमएम बारिश हुई थी। एक दिन में 229.5 एमएम बारिश का नया कीर्तिमान है।
सुभाष रोड से लेकर बंगाली टोला, काशीपुर तक सड़कों पर पानी ही पानी
पिछले 24 घंटे से हो रही बारिश के कारण समस्तीपुर शहर झील बन गया है। शहर की अधिकतर सड़कों पर एक से दो फुट तक पानी भर गया है। इस वजह से लोग काफी परेशान हो रहे हैं। शहर के सुभाष रोड पर बहादुरपुर चौक तक, बंगाली टोला में शेखटोली मोहल्ला तक, चीनी मिल कॉलोनी में मुख्य रोड से बांध तक, गुदरी बाजार में काली मंदिर से लेकर रामबाबू चौक जाने वाली सड़क तक, आर्यसमाज रोड पर, पुरानी पोस्ट ऑफिस रोड पर आईसीआईसीआई बैंक तक, काशीपुर में कचहरी से लेकर हनुमान मंदिर तक, आरएसबी इंटर कॉलेज रोड पर चौक से लेकर ताजपुर जाने वाली मुख्य सड़क तक एक से दो फुट तक पानी भरा हुआ है। यह स्थिति मुख्य सड़कों की है। इसके अलावा शहर की कई संकरी गलियों की स्थिति और भी खराब है। नीम गली के कई घरों में पानी घुसा हुआ है।
आने-जाने में हो रही परेशानी
सड़कों पर जलजमाव के कारण आने-जाने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। खास कर पैदल चलने वाले लोग ज्यादा परेशान हैं। बाइक सवारों को भी दिक्कतों का समाना करना पड़ रहा है। बाइकों के साइलेंसर में पानी जाने से कई बाइक पानी में ही बंद हो गईं। फिर लोगों को पानी के बीच ठेल कर ले जाना पड़ा। बारिश के पानी के साथ नाला का पानी बाहर आ जाने पर लोगों में पानी जनित बीमारी के फैलने की आशंका है।
क्यों हुआ जलभराव
लोगों ने बताया कि अधिकतर इलाकों में नालों के जीर्णोद्धार के दौरान स्थल का समतलीकरण नहीं हुआ। उससे सड़क नीची हो गई और नाला ऊपर हो गया। नतीजन बारिश होने के बाद नाला में सही से पानी नहीं पास करता है। वहीं, सहायक नालों का मुख्य नाले से जुड़ा सही नहीं है। इस वजह से पानी का सही बहाव नहीं होता है।
नगर आयुक्त विभूतिरंजन ने कहा कि अत्यधिक वर्षा के कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है। बरसात पूर्व नालों की सफाई कराई गई है। धीरे-धीरे पानी निकल जाएगा।
[ad_2]
Source link