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ध्यानार्थ-सोनीपत, हरियाणा के लिए उपयोगी।
गैंगस्टर गोल्डी व अनमोल के सीधे संपर्क में था आरोपी
आदेश पर करता था अपहरण व रेकी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए लॉरेंस बिश्नोई/गोल्डी बराड़/मोनू डागर अपराध सिंडिकेट के प्रमुख सदस्य अंजीत को गिरफ्तार किया है। आरोपी कनाडा में बैठे गैंगस्टर गोल्डी बराड़ और अनमोल बिश्नोई के संपर्क में था। अंजीत पहले हत्या, हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट आदि के लगभग 16 मामलों में शामिल था। कई मामलों में अदालती कार्यवाही से बच रहा था। इसके कब्जे से सेमी-ऑटोमेटिक पिस्टल व पांच कारतूस बरामद किए गए हैं। स्पेशल सेल के विशेष पुलिस आयुक्त एचजीएस धालीवाल के अनुसार, स्पेशल सेल, उत्तरी रेंज को दिल्ली और आसपास के राज्यों में हत्या, हत्या के प्रयास, जबरन वसूली, डकैती, कारजैकिंग आदि के सनसनीखेज मामलों में शामिल अपराधियों और संगठित अपराध सिंडिकेट के शार्प शूटरों को पकड़ने का काम सौंपा गया है। इसी अभियान के दौरान इंस्पेक्टर मंदीप को सूचना मिली थी कि गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई/गोल्डी बराड़/मोनू डागर के करीबी सहयोगी अंजीत हेलीपोर्ट, रोहिणी आएगा। एसीपी वेदप्रकाश की देखरेख में इंस्पेक्टर मंदीप व इंस्पेक्टर जयबीर की टीम ने हेलीपोर्ट के पास घेराबंदी कर अंजीत को गिरफ्तार कर लिया।
ग्राम भटगांव, सोनीपत, हरियाणा निवासी आरोपी अंजीत ने 12वीं कक्षा तक पढ़ाई की। स्कूली शिक्षा के बाद वह सिंघू बॉर्डर इलाके में अपने मामा के घर चला गया, जहां वह अवैध ड्रग्स के आपूर्तिकर्ताओं के संपर्क में आया। जल्द ही वह मादक पदार्थों की तस्करी में शामिल हो गया। 2016 में जब वह सोनीपत जेल में था, तो वह अनमोल बिश्नोई/गोल्डी बराड़ के करीबी मोनू डागर के संपर्क में आया।
अपहरण का किया था प्रयास
जनवरी 2023 में उसे अनमोल बिश्नोई द्वारा जबरन वसूली के लिए करनाल में एक ट्रैवल एजेंट का अपहरण करने का काम सौंपा गया। ये इसमें उस समय विफल हो गए जब इसके सह-आरोपियों को पुलिस ने पानीपत में पकड़ लिया। अंजीत भागने में कामयाब रहा। उसे गोल्डी बराड़ द्वारा गुरुग्राम में एक व्यवसायी की रेकी करने का भी काम सौंपा गया था। वह घोषित बदमाश है।
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