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मुख्यमंत्री ने किया एकीकृत बिजली उपभोक्ता पोर्टल का शुभारंभ।
– फोटो : hp govt
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मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शुक्रवार को राज्य सचिवालय में अभियंता दिवस पर हिमाचल प्रदेश राज्य बिजली बोर्ड लिमिटेड के एकीकृत बिजली उपभोक्ता पोर्टल का शुभारंभ किया। इस पोर्टल से उपभोक्ताओं को अब बिजली बिल का भुगतान करने के लिए लंबी कतारों में खड़ा नहीं होना पड़ेगा। उपभोक्ता घर बैठे ही आसानी से बिल का भुगतान कर सकेंगे। यही नहीं, लोग नया बिजली का कनेक्शन लेने के लिए भी इसी पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन भी कर सकेंगे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस पोर्टल से उपभोक्ता अपने आवेदन की प्रगति की भी निगरानी कर सकते हैं। पोर्टल पर बोर्ड द्वारा दी जाने वाली नाम परिवर्तन और लोड समायोजन आदि विभिन्न सेवाएं भी उपलब्ध होंगी। इस डिजिटल पहल का उद्देश्य बिजली बोर्ड में कागज रहित कार्य संस्कृति की शुरुआत करना है, जिससे प्रशासनिक प्रक्रिया सुव्यवस्थित होगी और सेवाओं में तेजी आएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पोर्टल ऊर्जा क्षेत्र में उपभोक्ता सुविधा बढ़ाने और डिजिटलीकरण को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। पोर्टल पर ऊर्जा उत्पादन डाटा उपलब्ध होगा और यह उपभोक्ताओं को कार्यालय में आए बिना आईपीपी द्वारा ऑनलाइन चालान जमा करने की सुविधा देगा।
ठेकेदारों और फर्मों के लिए वेंडर ईन वाॅयस मैनेजमेंट पोर्टल में ठेकेदारों व फर्मों से संबंधित भुगतान के लिए फील्ड कार्यालयों को अब ड्राईंग लिमिट जारी करने की आवश्यकता नहीं रहेगी। भुगतान की स्थिति की ऑनलाइन ट्रैकिंग भी की जा सकेगी। संबंधित कार्यालयों में बिल ऑनलाइन ही जमा होगा।
कागज रहित कार्य वातावरण व फंड का बेहतर प्रबंधन और उपयोग हो सकेगा।उन्होंने राज्य के बुनियादी ढांचे के विकास में अभियंताओं के अमूल्य योगदान की सराहना करते हुए कहा कि हाल ही में भारी बारिश के कारण आई आपदा ने राज्य के बुनियादी ढांचे को बुरी तरह से प्रभावित किया है।
इसके बावजूद प्रदेश के विभिन्न विभागों के इंजीनियरों के समर्पित प्रयासों से सरकार ने 48 घंटों में आवश्यक सेवाएं अस्थायी रूप से बहाल की। आपदा के कारण प्रदेश में सड़क, बिजली और जल आपूर्ति योजनाएं प्रभावित हुई हैं। अभी तक हुए कुल नुकसान का आकलन 12 हजार करोड़ रुपये से अधिक है। इस अवसर पर उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान, शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर, बोर्ड के प्रबंध निदेशक हरिकेश मीणा आदि मौजूद रहे।
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