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माघ मेला क्षेत्र में सनातन धर्म संघ के शिविर में शुक्रवार को संत सम्मेलन का आयोजन किया गया।
– फोटो : अमर उजाला।
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मौनी अमावस्या के महास्नान पर्व से पहले संगम की रेती पर शुक्रवार को हुए अखिल भारतीय रामानुज वैष्णव संत सम्मेलन में वैष्णव संतों ने नए अखाड़े का एलान किया। इसे नाम दिया गया अखिल भारतीय रामानुज नारायणी अखाड़ा। इसी के साथ अब अखाड़ों की संख्या बढ़कर 14 हो गई है। इससे पहले 13 अखाड़े ही अस्तित्व में थे। इस संत सम्मेलन में इस नए अखाड़े के गठन के अलावा इस सम्मेलन में वैष्णव संतों के हितों की रक्षा के लिए एकजुट प्रयास करने का संकल्प लिया गया।
सेक्टर पांच स्थित ओल्ड जीटी मार्ग पर स्थित मध्य प्रदेश सनातन धर्म संघ हनुमान रीवा के शिविर में वैदिक मंगलाचरण और दीप प्रज्जवलन के साथ वैष्णव संत सम्मेलन की शुरुआत हुई। सबसे पहले अखिल भारतीय रामानुज वैष्णव समिति आचार्यबाड़ा के महामंत्री डॉ. कौशलेंद्र प्रपन्नाचार्य ने सनातन संस्कृति की रक्षा, वेद प्रचार के अलावा वैष्णव परंपरा को आगे बढ़ाने की रूपरेखा प्रस्तुत की।
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