Maghi Purnima 2024: साल 2024 में माघी पूर्णिमा कब है? यहां जानें तिथि, शुभ मुहूर्त और महत्व

[ad_1]

हिंदू पंचांग में पूर्णिमा तिथि का विशेष महत्व होता है। यह शुक्ल पक्ष की अंतिम तिथि होती है। सभी पूर्णिमा की तिथियों में माघ की पूर्णिमा को विशेष माना गया है। शास्त्रों में इस दिन स्नान, दान और व्रत रखने का खास महत्व बताया गया है। मान्यता है कि इस दिन पवित्र नदी में आस्था की डुबकी लगाना चाहिए। इसके बाद दान करना चाहिए। ऐसा करने से व्यक्ति को पुण्य की प्राप्ति होती है। आइये जानते हैं साल 2024 में माघी पूर्णिमा की तारीख, शुभ मुहूर्त और दान का महत्व माघी पूर्णिमा दिन शनिवार, 24 फरवरी 2024 को है। माघ पूर्णिमा 23 फरवरी 2024, दोपहर 03:33 बजे से प्रारंभ होकर 24 फरवरी 2024, शाम 05:59 बजे समाप्त होगी.

धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक, 27 नक्षत्रों में एक ‘मघा’ से माघ पूर्णिमा की उत्पत्ति हुई है। माघी पूर्णिमा के महत्व का उल्लेख पौराणिक ग्रन्थों में मिलता है। जिसके अनुसार, इस दिन देवतागण मानव स्वरूप धारण कर धरती पर गंगा स्नान के लिए आते हैं। इस दिन भगवान विष्णु और हनुमान जी की पूजा की जाती है। ऐसा माना जाता है कि इस दिन श्रीहरि की पूजा करने वाले भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। मान्यता है कि माघी पूर्णिमा पर पावन नदी विशेषकर संगम या फिर गंगा में डुबकी लगाने के बाद दान-पुण्य करने से व्यक्ति को पापों से मुक्ति मिल जाती है.

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, माघ मास में देवता पृथ्वी पर निवास करते हैं. माघ पूर्णिमा पर गंगा में डुबकी लगाने से व्यक्ति पाप मुक्त होकर स्वर्ग लोक की प्राप्ति होती है. माघ पूर्णिमा पर खुद भगवान विष्णु गंगाजल में वास करते हैं. इसलिए इस दिन गंगा स्नान का महत्व खास हो जाता है. ऐसी मान्यता है कि इस दिन गंगाजल के स्पर्श मात्र से शरीर के सारे रोग दूर हो जाते हैं. सारे पापों का नाश हो जाता है और स्वर्ग की प्राप्ति होती है.

पद्म पुराण के अनुसार, माघी पूर्णिमा वाले दिन स्नान के बाद ध्यान और जप-तप से श्रीहरि प्रसन्न होते हैं. इस दिन दान करने का बड़ा महत्व है. गोदान, तिल, गुड़ और कंबल दान करना अच्छा माना गया है. इसके अलावा वस्त्र, गुड़, घी, कपास, लड्डू, फल, अन्न आदि चीजों का दान कर सकते हैं.

माघी पूर्णिमा पर गंगा स्नान का विशेष महत्व है. इस दिन यदि संभव हो तो गंगा नदी में स्नान करें. अगर गंगा नदी आपके पास नहीं है तो किसी अन्य पवित्र नदी या स्नानघर में स्नान करें. इस दिन भगवान विष्णु की विधि-पूर्वक पूजा करें. माघी पूर्णिमा पर दान-पुण्य का भी विशेष महत्व है. गरीबों और असहायों की मदद करें. अनाज, वस्त्र, दान का सामान आदि दान करें. इस दिन व्रत रखना भी शुभ माना जाता है. आप फलाहार या जल का व्रत रख सकते हैं. माघी पूर्णिमा पर भगवान का ध्यान करें और सकारात्मक विचारों को मन में रखें.

ज्योतिषाचार्य संजीत कुमार मिश्रा

ज्योतिष , वास्तु एवं रत्न विशेषज्ञ

8080426594/9545290847

[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *