Success Story: बीएचयू में हिमाचल के सिरमौर की दीप्ति का डंका, चार स्वर्ण समेत सात पदक मिले

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सिरमौर की दीप्ति ने जीते चार स्वर्ण समेत सात पदक।

सिरमौर की दीप्ति ने जीते चार स्वर्ण समेत सात पदक।
– फोटो : संवाद

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बेटी है अनमोल की कहावत को चरितार्थ करते हुए हिमाचल की बेटी ने वाराणसी हिंदू विश्वविद्यालय में सफलता का डंका बजाया है। सिरमौर के गिरिपार क्षेत्र के दुर्गम कोडग़ा गांव की दीप्ति ने बीएचयू से इस सत्र में बीए (संस्कृत) ऑनर्स की डिग्री हासिल की है। दीप्ति को चार स्वर्ण समेत सर्वाधिक कुल सात पदकों से नवाजा गया है। दीप्ति को बीएचयू में वर्ष 2022 के बैच में चांसलर स्वर्ण पदक, स्व. महाराजा विभूति नारायण सिंह स्वर्ण पदक, दो अन्य स्वर्ण समेत कुल सात पदकों से नवाजा गया है। 

दीप्ति कपूर ने बताया कि इस सफलता से खुश हैं। शिक्षा के लिए बीएचयू में बेहतरीन माहौल रहता है। पांवटा साहिब की सन फार्मा इकाई में कार्यरत छात्रा के पिता तपेंद्र कपूर और मां कांता कपूर ने कहा कि बेटियां अनमोल होती हैं। दीप्ति कपूर ने दून वैली स्कूल पांवटा साहिब से 10वीं की परीक्षा पास की। इसके बाद नाहन संस्कृत कॉलेज में दाखिला लिया। प्राक शास्त्री-1 और प्राक शास्त्री-2 में भी स्वर्ण लेने के बाद बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (बीएचयू) का टेस्ट निकाला। जहां से इसी वर्ष बीए (संस्कृत) ऑनर्स की डिग्री हासिल की है। वार्षिक पुरस्कार वितरण समारोह में चार स्वर्ण समेत सात पदक लेने वाली दीप्ति ने देवभूमि हिमाचल प्रदेश का नाम रोशन किया है। 

विस्तार

बेटी है अनमोल की कहावत को चरितार्थ करते हुए हिमाचल की बेटी ने वाराणसी हिंदू विश्वविद्यालय में सफलता का डंका बजाया है। सिरमौर के गिरिपार क्षेत्र के दुर्गम कोडग़ा गांव की दीप्ति ने बीएचयू से इस सत्र में बीए (संस्कृत) ऑनर्स की डिग्री हासिल की है। दीप्ति को चार स्वर्ण समेत सर्वाधिक कुल सात पदकों से नवाजा गया है। दीप्ति को बीएचयू में वर्ष 2022 के बैच में चांसलर स्वर्ण पदक, स्व. महाराजा विभूति नारायण सिंह स्वर्ण पदक, दो अन्य स्वर्ण समेत कुल सात पदकों से नवाजा गया है। 

दीप्ति कपूर ने बताया कि इस सफलता से खुश हैं। शिक्षा के लिए बीएचयू में बेहतरीन माहौल रहता है। पांवटा साहिब की सन फार्मा इकाई में कार्यरत छात्रा के पिता तपेंद्र कपूर और मां कांता कपूर ने कहा कि बेटियां अनमोल होती हैं। दीप्ति कपूर ने दून वैली स्कूल पांवटा साहिब से 10वीं की परीक्षा पास की। इसके बाद नाहन संस्कृत कॉलेज में दाखिला लिया। प्राक शास्त्री-1 और प्राक शास्त्री-2 में भी स्वर्ण लेने के बाद बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (बीएचयू) का टेस्ट निकाला। जहां से इसी वर्ष बीए (संस्कृत) ऑनर्स की डिग्री हासिल की है। वार्षिक पुरस्कार वितरण समारोह में चार स्वर्ण समेत सात पदक लेने वाली दीप्ति ने देवभूमि हिमाचल प्रदेश का नाम रोशन किया है। 



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