[ad_1]

महेंद्र सिंह टिकैत की पुणतिथि
– फोटो : अमर उजाला
विस्तार
किसान मसीहा चौधरी महेंद्र सिंह टिकैत किसानों के दिल में बसते हैं। किसानों के लिए उनका संघर्ष मिसाल है।आज उनकी पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की जा रही है। जब टिकैत युवावस्था में थे तो मां मुखत्यारी देवी ने बेटे को पुलिस में दरोगा बनाने का सपना संजोया था, लेकिन टिकैत जिम्मेदारी में ऐसे उलझे कि पुलिस सेवा में नहीं गए। वक्त बदला तो वह भाकियू के अध्यक्ष बनें और दुनियाभर में किसानों के लिए उनका संघर्ष उदाहरण बन गया।
बाबा टिकैत की जीवन पर लिखी गई किताब चौधरी टिकैत में उनकी माता दिवंगत मुखत्यारी देवी ने अपने इस सपने का साझा किया था। पिता चौहल सिंह के निधन के बाद परिवार आर्थिक समस्याओं से जूझ रहा था। चौधरी महेंद्र सिंह टिकैत ने कक्षा सात तक की शिक्षा हासिल की, लेकिन पारिवारिक समस्याओं में पढ़ाई छोड़नी पड़ी। बाल्यावस्था में ही बालियान खाप के चौधरी बनाए गए और इसके बाद उन्हें भाकियू की जिम्मेदारी मिली।
यह भी पढ़ें: Meerut News: खिसके मुस्लिम वोट बैंक को फिर से पाना सपा के लिए बड़ी चुनौती, खोज रहे हार के कारण
[ad_2]
Source link