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मुरादाबाद में चल रहे विकास प्रोजेक्ट
– फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आजादी के 76 साल बाद मुरादाबाद के दरियापुर गांव को जोड़ने के लिए पक्की सड़क और बूढ़ी रामगंगा पर पुल बनेगा। लोनिवि को चार करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी कर दी गई है। गांव के लोगों का मानना है कि इस कार्य का श्रेय भाजपा प्रदेश अध्यक्ष चौधरी भूपेंद्र सिंह, पूर्व राज्यसभा सांसद जफर इस्लाम और लोनिवि मंत्री जितिन प्रसाद को है।
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष चौधरी भूपेंद्र सिंह ने रोड और बूढ़ी राम गंगा पर पुल का निर्माण करने के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा था। इससे पहले पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सैयद जफर इस्लाम ने राज्यसभा सांसद रहते हुए दरियापुर गांव को गोद लिया था और सड़क पुल बनाने का वादा किया था।
अमर उजाला ने ग्रामीणों के आंदोलन की खबरें प्रकाशित की। इसे जनसरोकार का मुद्दा बनाया। इस मामले में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष चौधरी भूपेंद्र सिंह और जफर इस्लाम सड़क और पुल बनाने के लिए लोनिवि मंत्री जितिन प्रसाद से पैरवी करते रहे। ग्रामीणों ने अपना दर्द बयां करते हुए बताया था कि बरसात के दिनों में गांव चारों ओर से बाढ़ के पानी से घिर जाता है।
पक्का रास्ता न होने से गांव में कोई इमरजेंसी हो जाए तो गांव में एंबुलेंस, पुलिस, फायर ब्रिगेड तक नहीं पहुंच सकती है। इस मामले में दरियापुल के रहने वाले अमीचंद्र सैनी ने भाजपा नेताओं के यहां काफी भाग दौड़ की थी।
पुल के लिए आठ करोड़ 74 लाख मंजूर
दरियापुर को मुख्य मार्ग से जोड़ने के लिए लोनिवि ने जून 23 में शासन को नौ करोड़ दस लाख का प्रस्ताव भेजा था। शासन ने रोड व पुल के लिए आठ करोड़ 74 लाख की स्वीकृति दी है। इसमें से चार करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी कर दी गई है। अब दरियापुर के लोगों के लिए सीधे रास्ते की राह में कोई रोड़ा नहीं बचा है।
स्मार्ट रोड के चक्कर में पूरे साल पिसे व्यापारी
स्मार्ट सिटी योजना के तहत शहर की करीब 13 किमी सड़क को 127.76 करोड़ रुपये की लागत से स्मार्ट करने का काम वर्ष 2023 की शुरुआत में आरंभ हुआ था। महीने में शुरू किया गया था। इसमें शहर के प्रमुख बुध बाजार की करीब एक किमी सड़क भी शामिल है। दावा किया गया था कि छह महीने में बुध बाजार की सड़कें स्मार्ट हो जाएंगी, लेकिन कार्यदायी एजेंसियों की लापरवाही से व्यापारियों के साथ शहर के लोगों को समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
खाद्य पदार्थों की जांच के लिए लैब का भवन बनकर तैयार
रामपुर रोड स्थित गुलाबबाड़ी में ड्रग और खाद्य पदार्थों की जांच के लिए निर्माणाधीन लैब की इमारत तैयार हो गई है। मार्च तक लैब चालू होने की संभावना है। अभी तक मंडल के खाद्य पदार्थों की जांच वाराणसी और ड्रग की जांच लखनऊ स्थित लैब से कराई जा रही है। गुलाब बाड़ी में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की लैब स्थापित करने के लिए 24 करोड़ निर्धारित किया गया था, लेकिन अदालत में जमीन का मामला लंबित होने के कारण कुछ माह तक निर्माण में रुकावट आ गई थी।
मछली मंडी के लिए मिली जमीन
मछली पालन और मार्केटिंग के लिहाज से मुफीद इस मंडल में मछली पालन को और बढ़ावा देने के लिए 50 करोड़ रुपये की लागत से प्रदेश का दूसरा बड़ा फिश मार्केट यहां बनाया जाएगा। मंडलायुक्त आंजनेय कुमार सिंह के प्रयास से जिले को मिली सौगात को धरातल पर लाने के लिए अगवानपुर में 2.125 हेक्टेयर भूमि भी मिल गई है।
डीएम मानवेंद्र सिंह ने इस भूमि को मछली मंडी के नाम दर्ज भी करा दिया है। प्रदेश की पहली बड़ी मछली मंडी चंदौली में बन रही है।
रिंग रोड पर पुलिया और अंडरपास का काम तेजी से शुरू
शहर की यातायात व्यवस्था की लाइफ लाइन रिंग रोड का निर्माण तेजी से चल रहा है। छह किमी रोड के लिए मिट्टी का काम हो गया है। रामगंगा नदी पर पुल निर्माणाधीन है। इस रोड पर 30 से अधिक पुलिया और 11 अंडरपास बनेंगे। शहर के लिए बहुप्रतीक्षित रिंग रोड का निर्माण कराने के लिए ठेकेदारों ने काम शुरू कर दिया है।
एनएचएआई के पीडी अनुज कुमार जैन ने बताया कि करीब छह किलोमीटर मिट्टी का काम हो चुका है। रामगंगा पर पुल का निर्माण चल रहा है लेकिन गन्ने की फसल कटने के बावजूद सलेमपुर बागर से लेकर खादर तक एनएचएआई ने जमीन पर कब्जा नहीं लिया है। प्रशासन की मदद से जमीन पर कब्जा लिया जाएगा। अभियंता शांतनु कुमार का कहना है कि निर्माण कार्य गति पकड़ रहा है।
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