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राजोरी में आतंकियों की तलाश करते सुरक्षाबल
– फोटो : संवाद
विस्तार
राजोरी के केसरी हिल इलाके में सुरक्षाबलों ने आतंकियों की मदद करने के आरोप में एक मददगार को सोमवार को हिरासत में लिया है। आरोप है कि उसने केसरी हिल में हुए हमले में शामिल आतंकियों को न सिर्फ अपने घर पर पनाह दी, बल्कि उन्हें खाने के साथ अन्य सभी प्रकार की मदद भी उपलब्ध कराई।
आतंकियों ने मददगार के मोबाइल से अपने सूत्रों से संपर्क भी साधा था। विभिन्न सुरक्षा एजेंसियां उससे पूछताछ में जुटी हैं। अब तक करीब 18 लोगों से पूछताछ की गई है। इनमें से कई को छोड़ दिया गया है। इसी बीच एहतियाती कदम उठाते हुए राजोरी के दो सैन्य स्कूलों और हॉस्टलों को 25 मई तक बंद कर दिया गया है।
उधर, पुंछ के भाटादूड़िया और राजोरी के केसरी हिल के हमले में शामिल आतंकियों के तार ढांगरी नरसंहार से जुड़ रहे हैं। बताया जा रहा है कि केसरी हिल में जिस आतंकी को मारा गया है वह नरसंहार में शामिल था। ऐसे में यह माना जा रहा है कि शेष आतंकी वही हैं, जिन्होंने नरसंहार को अंजाम दिया था।
यही आतंकी अन्य वारदातों में भी शामिल रहे हैं। बता दें कि मारे गए आतंकी के शव को देख कर ढांगरी की एक महिला और बच्ची बताया कि यह वही है, जो उनके घर खाना खाने के लिए रुका था। जानकारी के अनुसार राजोरी-पुंछ के जंगलों में आठ से दस आतंकी मौजूद हैं।
यही आतंकी बार-बार वारदातों को अंजाम दे कर माहौल को खराब करने सहित सुरक्षाबलों व लोगों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। आतंकियों ने अपने पांव इस कदर जमा लिए हैं कि वह कई वारदातों को अंजाम दे चुके हैं, जबकि 18 माह में सिर्फ एक को ही ढेर किया जा सका है। अन्य आतंकियों की अभी तक कोई सूचना नहीं है।
फिर ढांगरी दोहराने की फिराक में
सूत्रों का कहना है कि राजोरी-पुंछ में मौजूद आतंकी फिर से ढांगरी नरसंहार की भांति वारदात को अंजाम देने की फिराक में हैं। वह लगातार साजिश रच रहे हैं। यदि यह आतंकी नहीं मारे गए या फिर इनका पता नहीं चला तो बड़ा नुकसान हो सकता है।
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