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युवकों को खाई से निकालते एसडीआरएफ के जवान
– फोटो : अमर उजाला
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नौकरी छूटने से अवसाद में आए उत्तरप्रदेश के इटावा के दो सगे भाईयों ने ब्यासी के पास आत्महत्या की मंशा से ब्लेड से अपना गला और हाथ की नस काट ली। सूचना पर एसडीआरएफ और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। दोनों युवक सड़क से 200 मीटर नीचे खाई में पड़े थे। एसडीआरएफ ने दोनों युवकों को खाई से निकालकर एम्स में उपचार के लिए भर्ती करवाया। जिसमें से एक युवक की हालत गंभीर बनी हुई है।
सोमवार को ब्यासी चौकी पुलिस को ऋषिकेश बदरीनाथ हाइवे पर सिंगटाली से कौड़ियाला के बीच खाई में दो युवकों के घायल अवस्था में होने की सूचना मिली थी।सूचना देने वाले व्यक्ति ने बताया कि घायलों में से एक युवक अपने भाई को बचाने के लिए चिल्ला रहा है। सूचना पर ब्यासी चौकी इंचार्ज यशवंत खत्री और एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची। मुनि की रेती थाना प्रभारी रितेश शाह ने बताया कि एसडीआरएफ के जवान 200 मीटर खाई में उतरे। उन्होंने देखा कि खून से लथपथ एक युवक बेहोश पड़ा था।
उसके हाथ और गले पर ब्लेड के काटे के निशान मिले। दूसरे युवक के भी गले और हाथ पर ब्लेड के काटे के निशान थे। मौके से एक सर्जिकल ब्लेड भी मिला। बताया कि दोनों की पहचान उत्तरप्रदेश के इटावा के ब्रह्मनगर निवासी अनुराग दुबे (32) पुत्र अजब सिंह और शिवम दुबे (30) के रूप में हुई है। दोनों युवकों को बाहर निकालकर 108 इमरजेंसी एंबुलेंस से एम्स में उपचार के लिए भेजा गया। बताया कि शिवम दुबे की हालत गंभीर है, एम्स में उसका ऑपरेशन हो रहा है।
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